दीपावली से पहले किसानों के खातों में 20 हजार रुपये डाले सरकार : जीवन साहू
अर्नब तूफान से धान की फसल को भारी नुकसान, बोले- कर्मचारियों की तरह किसानों को भी मिले त्योहार से पहले आर्थिक राहत

(छत्तीसगढ़ प्रयाग न्यूज) :– दीपावली का त्योहार नजदीक है, लेकिन बेमौसम बारिश और तेज हवाओं ने किसानों की खुशियों पर पानी फेर दिया है। खेतों में पककर तैयार धान की फसल को नुकसान पहुंचने से किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। ऐसे में किसानों को राहत देने के लिए सरकार दीपावली से पहले उनके खातों में कम से कम 20 हजार रुपये की राशि अंतरिम सहायता के रूप में जमा करे। यह मांग पिछड़ा वर्ग महासभा के बिन्द्रानवागढ़ विधानसभा प्रभारी जीवन साहू ने की है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा की मार झेल रहे किसानों को इस समय आर्थिक मदद की सबसे ज्यादा जरूरत है, ताकि वे भी अपने परिवार के साथ दीपावली का त्योहार खुशियों से मना सकें।
जीवन साहू ने कहा कि प्रदेश में अर्नब तूफान के प्रभाव से हुई बेमौसम बारिश और तेज हवाओं ने धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचाया है। एक ओर दीपावली का त्योहार करीब है, वहीं दूसरी ओर खेतों में खड़ी फसल बर्बाद होने की आशंका से किसान चिंतित हैं। उन्होंने कहा कि अर्ली किस्म की धान पककर तैयार हो चुकी थी, लेकिन बारिश के कारण उसे नुकसान पहुंचा है। वहीं, सरना किस्म की धान में बालियां निकल रही हैं। तेज हवाओं के चलते फसल खेतों में गिर गई है। खेतों में पानी भरा होने और धान में दाने का पूरा भराव नहीं होने से किसानों को उत्पादन में भारी गिरावट की आशंका सता रही है।
बच्चों की खुशियों पर भी संकट, त्योहार मनाने की चिंता
जीवन साहू ने कहा कि किसानों ने अच्छी फसल की उम्मीद के साथ दीपावली की तैयारी की थी। उन्हें भरोसा था कि धान की उपज बेचकर बच्चों के लिए मिठाई, पटाखे और नए कपड़े खरीदेंगे, लेकिन बेमौसम बारिश ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है। उन्होंने कहा कि जब दीपावली पर पूरा देश रोशनी से जगमगा रहा होगा, तब प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसान परिवार आर्थिक तंगी के बीच त्योहार मनाने की चिंता में डूबे रह सकते हैं।
कर्मचारियों की तरह किसानों को भी मिले आर्थिक राहत
जीवन साहू ने कहा कि जब सरकार अपने कर्मचारियों को त्योहार के अवसर पर अग्रिम वेतन देने की व्यवस्था कर सकती है, तो संकट से जूझ रहे किसानों को भी आर्थिक सहायता उपलब्ध करानी चाहिए। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की कि दीपावली से पहले प्रदेश के प्रभावित किसानों के निजी बैंक खातों में कम से कम 20 हजार रुपये प्रति किसान की अंतरिम सहायता राशि जमा की जाए।
धान बेचने पर सहायता राशि समायोजित करने का सुझाव
जीवन साहू ने सुझाव दिया कि किसानों को फिलहाल राहत के तौर पर दी जाने वाली राशि को धान बिक्री के समय मिलने वाली रकम से समायोजित किया जा सकता है। इससे किसानों को तत्काल आर्थिक सहारा मिलेगा और वे त्योहार की जरूरतें पूरी कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि किसानों के हाथों में पैसा पहुंचने से ग्रामीण बाजारों में भी रौनक बढ़ेगी और व्यापारिक गतिविधियों को गति मिलेगी।
उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि किसानों की परेशानी को गंभीरता से लेते हुए जल्द निर्णय लिया जाए, ताकि प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसान परिवार भी सम्मान और खुशी के साथ दीपावली मना सकें।
छत्तीसगढ़ प्रयाग न्यूज से जुड़ने के लिए इस लिंक पर क्लिक करें
https://chat.whatsapp.com/KHz20xYe8ouK4y2vqJnOXl











