गजपल्ला वॉटरफॉल में डूबे युवक का शव बरामद, 3 घंटे बाद SDRF ने किया रेस्क्यू

(छत्तीसगढ़ प्रयाग न्यूज) :– गरियाबंद जिले के गजपल्ला वाटरफॉल में रविवार को पिकनिक मनाने आए युवक की डूबने से मौत हो गई। घटना की सूचना पर जिला प्रशासन और SDRF की टीम मौके पर पहुंची। SDRF की टीम ने रेस्क्यू शुरू किया और करीब तीन घंटे बाद शव बरामद कर लिया गया। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
जानकारी के अनुसार रायपुर के अशोक नगर निवासी आदित्य चौधरी (19) अपने पांच दोस्तों के साथ गजपल्ला वॉटरफॉल घूमने आया था। सभी पिकनिक मना रहे थे। इसी दौरान आदित्य नहाने के लिए पानी में उतरा, लेकिन अचानक वह गहरे पानी की ओर चला गया और देखते ही देखते डूब गया। दोस्तों ने तत्काल घटना की जानकारी स्थानीय प्रशासन को दी। सूचना मिलते ही रेस्क्यू टीम मौके पर पहुंची और पानी में युवक की तलाश शुरू की गई। करीब तीन घंटे तक चले सर्च ऑपरेशन के बाद SDRF की टीम ने शव बरामद कर लिया। घटना की जानकारी परिवार को दे दी गई है।
चेतावनी के बावजूद नहीं माने पर्यटक
SDOP निशा सिन्हा ने बताया कि पिछले साल हुई घटना के बाद आसपास के क्षेत्र में चेतावनी बोर्ड लगाए गए थे। इसके बावजूद लोग चेतावनियों की अनदेखी कर पानी में उतर रहे हैं। उन्होंने पर्यटकों से अपील की कि पर्यटन स्थलों पर सुरक्षा नियमों का पालन करें और गहरे पानी में जाने से पूरी तरह बचें।
एक साल पहले भी गई थी 18 वर्षीय युवती की जान
गजपल्ला वॉटरफॉल में यह पहली जानलेवा घटना नहीं है। 15 जुलाई 2025 को भी यहां रायपुर से पिकनिक मनाने पहुंचे युवाओं के समूह की एक 18 वर्षीय युवती महविश खान की डूबने से मौत हो गई थी। बताया गया था कि रायपुर से 5 लड़कियां और 2 लड़के गजपल्ला जलप्रपात पहुंचे थे। इसी दौरान महविश पानी में डूब गई थीं। हादसे के बाद करीब 24 घंटे तक तलाश अभियान चलाया गया और आखिरकार युवती का शव जलप्रपात के नीचे बने एक खोल में फंसा मिला था।
बैन के बाद भी कैसे पहुंच रहे सैलानी?
पिछली घटना के बाद प्रशासन ने गजपल्ला जलप्रपात को पर्यटकों के लिए प्रतिबंधित कर दिया था। आसपास के गांवों में मुनादी भी कराई गई थी और लोगों को जलप्रपात की ओर नहीं जाने की हिदायत दी गई थी। इसके बावजूद अब एक बार फिर यहां पर्यटकों के पहुंचने और पानी में उतरने की घटना सामने आई है।
चट्टानों के बीच बने हैं खतरनाक खोल
स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार गजपल्ला वॉटरफॉल में कई स्थानों पर पानी की गहराई 20 फीट से अधिक बताई जाती है। जलप्रपात के भीतर चट्टानों के बीच गहरे खोल और सुरंगनुमा हिस्से भी मौजूद हैं। ऐसे स्थानों पर पानी के भीतर उतरना बेहद जोखिम भरा हो सकता है। ऊपर से बरसात के मौसम में जलस्तर और बहाव में अचानक बदलाव खतरे को और बढ़ा देता है।
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